गेहूं की फसल में खरपतवार नाशक: एक ही स्प्रे में खरपतवार को जड़ से खत्म करें किसान दोस्तों, गेहूं एक महत्वपूर्ण फसल है जो नवंबर की ठंड में उगती है। इस फसल से अच्छी पैदावार प्राप्त करने के लिए फर्टिलाइज़र प्रबंधन और सही किस्मों के चुनाव के साथ-साथ खरपतवार पर नियंत्रण भी आवश्यक है। खरपतवार के कारण फसल की वृद्धि रुक जाती है और उत्पादन कम हो जाता है। इसलिए, फसल के लगभग 20 से 21 दिन बाद हर्बिसाइड का स्प्रे करना बहुत जरूरी है। यदि इसे सही समय पर लगाया जाए, तो गेहूं की फसल में खरपतवार को प्रभावी रूप से नियंत्रित किया जा सकता है।
इस लेख में हमे बाजार में उपलब्ध कुछ प्रभावी हर्बिसाइड्स बताने जा रहे हैं, जो गेहूं में चौड़ी और लंबी पत्तियों वाले खरपतवार को समाप्त करने में मदद कर सकते हैं। उनमें से पहले का नाम ‘वेस्टा’ है, जो UPL कंपनी का उत्पाद है। इसकी डोज़ 160 ग्राम प्रति एकड़ होनी चाहिए। यदि ‘वेस्टा’ उपलब्ध नहीं है, तो आप ‘2,4-D’ हर्बिसाइड का प्रयोग 30 से 40 मिलीलीटर प्रति पंप की दर से कर सकते हैं।
हालांकि, ‘2,4-D’ का इस्तेमाल करते समय एक महत्वपूर्ण सावधानी बरतनी चाहिए। इस दवा को हवा में उड़ने और आसपास की फसलों पर असर डालने से रोकने के लिए, नोजल पर ‘कैप’ लगाकर स्प्रे करना चाहिए और संभव हो तो स्प्रे नीचे की तरफ से करना चाहिए ताकि हवा के कारण यह कहीं और न फैले।
इन दो विकल्पों के अलावा, FMC कंपनी का ‘एफिनिटी’ नामक एक और प्रभावी हर्बिसाइड है, जिसकी अनुशंसित डोज़ 20 ग्राम प्रति एकड़ है। इन हर्बिसाइड्स का सही तरीके से इस्तेमाल करने से आपकी गेहूं की फसल में खरपतवार पर नियंत्रण प्राप्त किया जा सकता है। उन सभी किसानों के लिए जो गेहूं बो रहे हैं या बोने वाले हैं, अपनी क्षेत्र के कृषि सेवा केंद्र से इनमें से किसी भी हर्बिसाइड का चयन करें और खरपतवार को नियंत्रित करें।